winter blues: सर्दी के मौसम में आसानी से फैलते हैं वायरस
नई दिल्ली। टीम डिजिटल : Beat winter blues: How to deal with common winter problems : ठंड का मौसम सर्दी-खांसी और फ्लू साथ लाता है। इसमें कोई शक नहीं कि सांस से जुड़ी बीमारियां सर्दी के मौसम में अधिक परेशान करती हैं। ज्यादातर लोग घरों के अंदर या बंद जगहों में वक्त बिताते हैं, जिससे वायरस आसानी से फैलते हैं। ठंड, रूखी हवा के इस मौसम में बीमारी से लड़ने की हमारी ताकत आसानी से कम हो जाती है। सर्दियों के मौसम में लोग अपने और अपने परिवार के साथ स्वस्थ रहने की कोशिश तो जरूर करते हैं लेकिन प्रयासों के बावजूद कई बार बीमार हो सकते हैं।
सर्दियों के मौसम में सबसे आम संक्रमण |Most common infection in winter season

इंडस हेल्थ प्लस के संयुक्त प्रबंध निदेशक एवं रोकथामपरक स्वास्थ्य रक्षा विशेषज्ञ अमोल नाइकवाड़ी के मुताबिक ज्यादातर लोगों के लिये सर्दियों का मौसम आनंद वाला होता है लेकिन सेहत से जुड़ी कुछ समस्याएं जैसे त्वचा और सांस का संक्रमण, तापमान में अचानक होने वाली गिरावट के कारण होता है। सुकून पहुंचाने वाले भोजन और सर्दियों के कपड़े पहनने के साथ आपको सर्दियों के साथ आने वाले रोगों (winter blues) पर भी नजर रखनी चाहिए।
आम सर्दी-जुकाम: यह एक वायरल इंफेक्शन है जो आपकी नाक, गला और कई बार आपके कानों को भी प्रभावित करता है। यह कुछ हफ्तों तक चलता है और यह बेहद ही आम होता है।
फ्लू: यह संक्रमणकारी श्वसन रोग, आम सर्दी-जुकाम की तरह ही होता है। यह आपके मुंह, नाक, गले और फेफड़ों को प्रभावित करता है। यह इसकी गंभीरता पर निर्भर करता है कि यह कितना हल्का या गंभीर है। भले ही बुखार पांच दिनों में ठीक हो जाता है, लेकिन खांसी और आम कमजोरी दो हफ्तों तक बनी रहती है।
सर्दी में होने वाली त्वचा संबंधी परेशानियां: ठंड का मौसम अपने साथ त्ववा संबंधी कई सारी परेशानियां लेकर आता है: खुजली, एक्जीमा, मुंहासे, सोरायसिस, आदि। इस मौसम में त्वचा को नम रखना सबसे बेसिक स्किनकेयर होता है। ठंड के मौसम में त्वचा संबंधी परेशानियों में शामिल है छिलकेदार, खुलजी वाली त्वचा, रूखी त्वचा और यूवी डैमेज।
ब्रोंकाइटिस: ब्रोंकाइटिस एक सामान्य वायरल रेस्पेरेटरी इंफेक्शन है, जो एक्यूट या क्रॉनिक हो सकता है। यह रोग ब्रांकाई में होने वाली सूजन के रूप में परिभाषित किया जाता है। यह सबसे बड़ी नली होती है जो फेफड़ों तक हवा पहुंचाती है।
ठंड के रोगों से बचाव |prevention of cold diseases

• कीटाणुओं और जीवाणुओं से बचाव के लिये, दिनभर अपने हाथों को बार-बार धोएं।
• थोड़े-थोड़े अंतराल पर आराम करें और खासतौर से खूब सारा तरल पदार्थ लेते रहें।
• जुकाम वाले व्यक्तियों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें और एक ही सामान जैसे कपड़े, कंबल, रूमाल आदि का उपयोग करने से बचें।
• नियमित व्यायाम, इम्युनिटी बेहतर बनाने में मदद करता है।
• सुनिश्चित करें कि आपके परिवार में हर किसी को सालाना फ्लू का टीका लगे।
• अगर आप बीमार महसूस कर रहे हैं, तो तुरंत डॉक्टर से मिलें।
• थोड़ा गर्म पानी पीएं।
• शौचालय का उपयोग करने के बाद हमेशा अपने हाथ धोना याद रखें।
• भरपूर आराम करें और हाइड्रेटेड रहें।
• खूब सारे ताजे फलों और सब्जियों के साथ एक स्वस्थ आहार का पालन करें।
• गर्म कपड़े पहनें और जितना हो सके ठंड के संपर्क में आने से बचें।
• कहीं ठंड के रोगों के प्रति अधिक संवेदनशील तो नहीं हैं, यह जांचने के लिये आनुवंशिक परीक्षण कराएं।
winter blues को करें दूर: सर्दी के मौसम की आम समस्याओं से ऐसे निपटें
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